Wednesday, 15 July 2020

सावन में सोमवार के व्रत कितने फायदेमंद

व्रत कैसे करें
आज सभी मानव समाज शिक्षित है पूरे मानव समाज को चाहिए कि धार्मिक अनुष्ठान के अनुसार व्रत कैसे करें वैसे तो व्रत का मतलब खाना खाने से नहीं है वर्क का मतलब है प्रण करना प्रतिज्ञा करना
सावन का व्रत कितना फायदेमंद है सावन का व्रत बहुत फायदेमंद है अगर मनुष्य जरा सी सोच रखता हो तो व्रत का मतलब होता है पर ऑन करना प्रतिज्ञा करना हमें प्रतिज्ञा करनी है कि हम प्रकृति से कभी खिलवाड़ न करें प्रकृति को साफ सुथरी रखें पर्यावरण को प्रदूषित में करें जिससे प्राणियों को जटिल बीमारियों का सामना नहीं करना पड़े उस समय पर वर्षा हो और सतयुग जैसा माहौल पृथ्वी पर बने  
सावन में शास्त्र अनुकूल साधना करें 
पढ़े लिखे लोगों को शास्त्र अनुकूल साधना करनी चाहिए हमारे सभी धर्म ग्रंथों में पुराणों में वेदों में क्या लिखा है उसका गहनता से अध्ययन करना चाहिए क्या परमात्मा की प्राप्ति के लिए श्रावण में व्रत रखने से व भोजन ना करने से ही ईश्वर की प्राप्ति हो सकती है यह सब हमारे धार्मिक सद ग्रंथों में वर्णित है जी हां मैंने संत रामपाल जी महाराज का सत्संग टीवी पर देखा है और उनकी लिखित किताबें पढ़ी है उन किताबों में ईश्वर प्राप्ति के बहुत अच्छे समाधान बताए गए हैं ईश्वर प्राप्ति के लिए हम देखा देखी भक्ति करते हैं इससे न तो हमें कोई मोक्ष मिलता 

Wednesday, 10 June 2020

Kabir saheb is real god

कबीर साहेब जी ही पर्मात्मा है

परमेश्वर ने छः दिन में सृृष्टी रची तथा सातवें दिन विश्राम किया, प्रभु ने पाँच दिन तक अन्य रचना की, फिर छटवें दिन ईश्वर ने कहा कि हम मनुष्य को अपना ही स्वरूप बनायेंगे। फिर परमेश्वर ने मनुष्य को अपना ही स्वरूप बनाया, नर-नारी करके उसकी सृृष्टी की। फिर ईश्वर ने मनुष्यों के खाने के लिए केवल फलदार वृृक्ष तथा बीजदार पौधे दिए। जो तुम्हारे भोजन के लिए हैं। छः दिन में पूरा कार्य करके परमेश्वर ऊपर तख्त पर जा विराजा अर्थात् विश्राम किया। ईश्वर ने प्रथम आदम बनाया फिर उसकी पसली निकाल कर नारी (हव्वा) बनाई तथा दोनों को एक वाटिका में छोड़कर तख्त पर जा बैठे। फिर पृृष्ठ नं. 8 पर लिखा है कि ईश्वर ने मनुष्य जाति के खाने के लिए फलदार पेड़ तथा बीजदार पौधे बनाए और वन प्राणियों के लिए घास व पौधे बनाए। भगवान ने मनुष्य को अपना प्रति रूप बनाया। इससे स्वसिद्ध है कि भगवान (अल्लाह) आकार में है और वह मनुष्य जैसा है। वह पूर्ण परमात्मा तो यहाँ तक रचना छः दिन में करके सातवेंं दिन अपने सत्यलोक में तख्त पर विराजमान हो गया। इसके बाद अव्यक्त प्रभु (काल/ज्योति निरंजन) की भूल-भुलईयाँ प्रारम्भ हो गई।



पवित्रा बाईबल 

पवित्रा बाईबल में लिखा है कि हजरत आदम के काईन तथा हाबिल दो पुत्रा थे। हाबिल भेड़ बकरियाँ पाल कर निर्वाह कर रहा था तथा काईन खेती करता था। एक दिन काईन अपनी पहली फसल का कुछ अंश प्रभु के लिए ले गया। प्रभु ने काईन की भेंट स्वीकार नहीं की क्योंकि काईन का दिल पाक नहीं था। हाबिल अपने भेड़ का पहलौंठा मेंमना(बच्चा) भेंट के लिए लेकर प्रभु के पास गया, जो प्रभु ने स्वीकार कर लिया। इस बात से काईन क्रोधित हो गया। वह अपने छोटे भाई हाबिल को बहका कर जंगल में ले गया, वहाँ उसकी हत्या कर दी। प्रभु ने पूछा काईन तेरा भाई कहाँ गया? काईन ने कहा मैं क्या उसके पीछे-पीछे फिरता हूँ 


Wednesday, 13 May 2020

नशा करने से हमारी भक्ति का नाश होता है। संत रामपाल जीसंत रामपाल जी महाराज जी से नाम दीक्षा लेने के बाद जो व्यक्ति नशा करते हैं उनका नशा छूट जाता और उनका उनको अगर कैंसर जैसी भयानक बीमारी भी हो तो भी वह ठीक हो जाती हैसंत रामपाल जी महाराज ही पूरे विश्व में सच्चे सतगुरु है जीनकी की शरण में आने के बाद सर पर कोई भी भयानक उपस्थिति आती है तो वह सेकंडो में ही ठीक हो जाती है रामपाल जी महाराज जी से नाम दीक्षा ले और अपना कल्याण करवाएं अधिक जानकारी के लिए अवश्य देखें रात्रि को 7:30 से 8:30 तक साधना चैनलसंत रामपाल जी महाराज से नाम दीक्षा लेने के बाद भी श्रद्धालुओं के कैंसर जैसी भयानक बीमारी भी ठीक हो चुकी हैरामपाल जी महाराज ही सच्चे सतगुरु है

Thursday, 7 May 2020

सद भक्ति से ही कोरोना बचाव संभव है ।

मनुष्य जीवन का उद्देश्य

आज पूरे विश्व में कोरोनावायरस से पूरा विश्व पीड़ित है वैज्ञानिक व डॉक्टर सभी ने हाथ खड़े कर रखे हैं, जबकि वेदों में प्रमाण है कि पूर्ण परमात्मा की भक्ति करने से कोरोनावायरस व भयंकर से भयंकर बीमारी भी समाप्त हो सकती है। आज पूरे विश्व में सतगुरु रामपाल जी महाराज जी ही शास्त्र अनुकूल भक्ति बता रहे हैं। गीता अध्याय 16 श्लोक 23 में बताया है कि शास्त्र विरुद्ध साधना करने से कोई लाभ नहीं होता है ।अतः सभी से हाथ जोड़कर प्रार्थना है कि कोरोनावायरस से बचने के लिए सत भक्ति प्राप्त करने के लिए सदगुरु रामपाल जी महाराज जी से नाम दान लेकर मर्यादा में रहकर भक्ति करें ।कोरोनावायरस जैसी बीमारी भी कुछ नहीं बिगाड़ सकती। शास्त्र अनुकूल भक्ति के लिए देखिए साधना टीवी चैनल रोजाना शाम 7:30 से 8:30


सद भक्ति से ही कोरोना बचाव संभव है ।
मनुष्य जीवन का उद्देश्य
आज पूरे विश्व में कोरोनावायरस से पूरा विश्व पीड़ित है वैज्ञानिक व डॉक्टर सभी ने हाथ खड़े कर रखे हैं, जबकि वेदों में प्रमाण है कि पूर्ण परमात्मा की भक्ति करने से कोरोनावायरस व भयंकर से भयंकर बीमारी भी समाप्त हो सकती है। आज पूरे विश्व में सतगुरु रामपाल जी महाराज जी ही शास्त्र अनुकूल भक्ति बता रहे हैं। गीता अध्याय 16 श्लोक 23 में बताया है कि शास्त्र विरुद्ध साधना करने से कोई लाभ नहीं होता है ।अतः सभी से हाथ जोड़कर प्रार्थना है कि कोरोनावायरस से बचने के लिए सत भक्ति प्राप्त करने के लिए सदगुरु रामपाल जी महाराज जी से नाम दान लेकर मर्यादा में रहकर भक्ति करें ।कोरोनावायरस जैसी बीमारी भी कुछ नहीं बिगाड़ सकती। शास्त्र अनुकूल भक्ति के लिए देखिए साधना टीवी चैनल रोजाना शाम 7:30 से 8:30


Wednesday, 6 May 2020

नशा स्वास्थ्य के लिए हानिकारक

स्वास्थ्य ही जीवन है-
                         बचपन से अब तक सबसे ज्यादा एक ही बात पढ़ाई गई, पहला सुख निरोगी काया फिर भी समझ नहीं आया ।
                     लिखा हुआ है नशा स्वास्थ्य के लिए हानिकारक है फिर भी दबा कर पिया, तो कैसे जिओगे मेरे लाल स्वस्थ रहो मस्त रहो।
    शराब का अत्यधिक सेवन आपके लीवर को डैमेज करता है शराब से अनेकों प्रकार की बीमारियां होती हैं, शराब पीना स्वास्थ्य के लिए बहुत ज्यादा हानिकारक है ।